
छत्तीसगढ़ में साइबर ठगी का नया तरीका: चॉइस सेंटर संचालकों को बनाया जा रहा निशाना, सक्ती पुलिस ने फोटो जारी कर लोगों से सतर्क रहने की अपील की
सक्ती जिले में चॉइस सेंटर संचालकों को निशाना बनाकर ऑनलाइन भुगतान के जरिए ठगी किए जाने की आशंका को लेकर सक्ती पुलिस ने आम नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस के अनुसार, कुछ लोग गांवों के चॉइस सेंटर पहुंचकर अर्जेंट पैसों की जरूरत बताकर फोन-पे के माध्यम से अपने खाते में रकम डलवा रहे हैं और बदले में चॉइस सेंटर संचालकों से नगद पैसा ले रहे हैं। बाद में संबंधित खाते में आने वाली रकम फ्रॉड से जुड़ी होने के कारण बैंक खाते होल्ड होने की समस्या सामने आ रही है।
पुलिस ने इस तरह के लेन-देन को लेकर लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। ऐसे मामलों में बिना किसी की पहचान और भुगतान के स्रोत की पुष्टि किए फोन-पे या अन्य डिजिटल माध्यम से रकम ट्रांसफर करने से आर्थिक नुकसान हो सकता है। विशेष रूप से चॉइस सेंटर संचालकों को किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर खाते में रकम लेकर नगद भुगतान करने से पहले पूरी जांच करने की जरूरत है।

इसी मामले में सक्ती पुलिस ने एक युवक की फोटो जारी कर आम नागरिकों से सहयोग मांगा है। पुलिस ने अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को इस तरह पैसे मांगने या संदिग्ध लेन-देन की जानकारी मिलती है, अथवा जारी फोटो में दिखने वाला व्यक्ति कहीं दिखाई देता है, तो इसकी सूचना तत्काल नजदीकी पुलिस थाने या साइबर सेल सक्ती को दें।

पुलिस का उद्देश्य ऐसे संदिग्ध लेन-देन पर रोक लगाना और चॉइस सेंटर संचालकों सहित आम नागरिकों को संभावित साइबर धोखाधड़ी से बचाना है। नागरिकों से अपील है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी स्वयं कार्रवाई करने के बजाय पुलिस को दें।