
सक्ती मे 1 किलो 350 ग्राम गांजा के साथ पकड़ा गया आरोपी: NDPS एक्ट के तहत दोषसिद्ध, 4 साल की सश्रम कारावास, 25 हजार अर्थदंड, जुर्माना न भरने पर 1 साल अतिरिक्त सजा
सक्ती जिले मे अवैध मादक पदार्थ गांजा की बिक्री के मामले में विशेष न्यायालय ने आरोपी को चार वर्ष की सश्रम कारावास और 25,000 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में आरोपी को एक वर्ष का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा। विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) सक्ती प्रशांत कुमार शिवहरे ने 12 फरवरी 2026 को यह निर्णय सुनाया। न्यायालय ने आरोपी जितेन्द्र कुमार सिदार (30 वर्ष), निवासी ग्राम परसी, थाना मालखरौदा को NDPS एक्ट की धारा 20 (बी) के तहत दोषसिद्ध पाया।
जानकारी के अनुसार, 12 अगस्त 2023 को मालखरौदा थाना को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी नेवी ब्लू रंग की बिना नंबर की एक्टिवा स्कूटी से गांजा लेकर सक्ती की ओर से ग्राम परसी जा रहा है। सूचना को रोजनामचा में दर्ज कर उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया तथा विधिवत पंच गवाहों को नोटिस देकर पुलिस टीम गठित की गई। पुलिस ने ग्राम पोता नहर पुल के पास घेराबंदी कर संदिग्ध स्कूटी को रोका।

तलाशी के दौरान सीट के नीचे डिक्की में सफेद पॉलिथीन में भरा 1 किलो 350 ग्राम गांजा बरामद किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत 8 हजार रुपए बताई गई। गांजा को मौके पर तौलकर सीलबंद किया गया तथा पंचनामा तैयार किया गया। आरोपी के विरुद्ध मालखरौदा थाना में अपराध क्रमांक 228/23 पंजीबद्ध कर एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई। विवेचना के दौरान घटनास्थल का नक्शा, जप्ती पत्रक एवं गवाहों के बयान दर्ज किए गए।
मामले की संपूर्ण विवेचना निरीक्षक कृष्ण चंद्र मोहले द्वारा पूर्ण कर अभियोग पत्र विशेष न्यायालय एनडीपीएस एक्ट सक्ती में प्रस्तुत किया गया। अभियोजन पक्ष ने 8 साक्षियों के बयान न्यायालय में दर्ज कराए। सभी साक्ष्यों एवं गवाहों के कथनों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए चार वर्ष के सश्रम कारावास और 25 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। प्रकरण में अभियोजन पक्ष की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक उदय कुमार वर्मा ने पैरवी की।