Advertisment
Oplus_131072
Oplus_131072
Oplus_131072
Oplus_131072
Oplus_131072
1 (6)
IMG-20260815-WA0019
IMG-20260815-WA0003
IMG-20260815-WA0010
IMG-20260815-WA0002
1 (1)
1 (4)
1 (12)
1 (13)
1 (2)
1 (14)
1 (3)
1 (16)
1 (11)
1 (9)
1 (7)
1 (5)
1 (1)
1 (8)
1 (10)
1 (17)
Oplus_131072
IMG-20260815-WA0016
1 (15)
Oplus_131072
IMG-20260815-WA0015
Sakti

सक्ती में बाराद्वार थाना घेराव: TI पर सरपंच को गाली देने और झूठे केस में फंसाने की धमकी का आरोप, ASP बोले- आरोप निराधार; जमीन सीमांकन बना विवाद की वजह

सक्ती जिले के बाराद्वार थाना क्षेत्र में शुक्रवार को ग्राम पंचायत पलाड़ीकलां के सैकड़ों ग्रामीणों ने बाराद्वार थाने का घेराव कर विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने थाना प्रभारी नरेंद्र यादव पर सरपंच के साथ गाली-गलौज करने, झूठे प्रकरण में फंसाने की धमकी देने और पैसे लेकर जमीन पर कब्जा कराने जैसे गंभीर आरोप लगाए। वहीं, एडिशनल एसपी पंकज पटेल ने इन आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि पुलिस केवल राजस्व विभाग की सीमांकन कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर मौजूद थी।

थाना घेराव की सूचना मिलते ही आसपास के थानों के प्रभारी, तहसीलदार और अन्य प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। इस दौरान सरपंच और थाना प्रभारी के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, जिसके बाद ग्रामीण एसपी कार्यालय का घेराव करने की चेतावनी देकर वापस लौट गए।

हाईकोर्ट के आदेश के बाद हो रहा था सीमांकन

मामला वर्ष 2020 में ग्राम पंचायत डेरागढ़ निवासी बसंतलाल और संतोष जायसवाल की निजी भूमि के अधिग्रहण से जुड़ा है। उनकी भूमि पर तालाब पार और आंगनबाड़ी भवन का निर्माण किया गया था। भूमि के बदले मुआवजा या वैकल्पिक जमीन नहीं मिलने पर दोनों ने हाईकोर्ट की शरण ली। हाईकोर्ट के निर्देश के बाद कलेक्टर अमृत विकास तोपनो ने 20 सितंबर 2024 को आदेश जारी कर ग्राम पलाड़ीकलां में वैकल्पिक भूमि आवंटित करने के निर्देश दिए थे।

सीमांकन के दौरान हुआ विरोध

शुक्रवार को कलेक्टर के आदेश के पालन में पटवारी और राजस्व निरीक्षक सीमांकन के लिए पलाड़ीकलां पहुंचे। ग्रामीणों ने आवंटित भूमि को लेकर पहले से दर्ज आपत्तियों का हवाला देते हुए कार्रवाई का विरोध किया। विरोध के चलते राजस्व टीम वापस लौट गई। बाद में पुलिस बल के साथ दोबारा गांव पहुंचने पर विवाद और बढ़ गया।

ग्रामीणों का आरोप है कि इसी दौरान थाना प्रभारी ने फोन पर सरपंच को झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी और गाली-गलौज की। इसके विरोध में जनप्रतिनिधियों, महिलाओं और ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में बाराद्वार थाने का घेराव किया। ग्रामीणों ने थाना प्रभारी पर पैसे लेकर जबरन जमीन पर कब्जा कराने का आरोप भी लगाया।

ASP बोले- आरोप गलत, पुलिस ने केवल सुरक्षा दी

एडिशनल एसपी पंकज पटेल ने बताया कि राजस्व विभाग ने सीमांकन के दौरान सुरक्षा के लिए पुलिस बल की मांग की थी। उसी अनुरोध पर पुलिस टीम पटवारी और राजस्व निरीक्षक के साथ मौके पर गई थी। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों ने सीमांकन टीम का घेराव कर दिया, जिसके कारण स्थिति को देखते हुए टीम को वापस लौटना पड़ा। बाद में सरपंच के नेतृत्व में बड़ी संख्या में ग्रामीण थाने पहुंचे थे, जिन्हें समझाइश देकर शांतिपूर्वक वापस भेज दिया गया।

फिलहाल स्थिति सामान्य है, लेकिन ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी शिकायतों पर उचित कार्रवाई नहीं हुई तो वे पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव करेंगे। वहीं, पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले में कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Related Articles

Back to top button