
सक्ती मे नवविवाहिता ने ससुराल वालों पर लगाया प्रताड़ना का आरोप: पति, सास-ससुर पर दहेज प्रताड़ना और घरेलू हिंसा का आरोप, 29 मई की शिकायत के बाद भी 2 महीने से अधिक समय तक FIR नहीं, पुलिस बोली – जांच जारी, जल्द होगी वैधानिक कार्रवाई
सक्ती जिले मे एक नवविवाहिता ने अपने पति, सास और ससुर पर दहेज प्रताड़ना, घरेलू हिंसा, मानसिक व शारीरिक उत्पीड़न तथा जान से मारने की धमकी देने के गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला ने 29 मई 2026 को सक्ती थाने में लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की थी, लेकिन आरोप है कि दो महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी अब तक प्राथमिकी (FIR) दर्ज नहीं की गई है। इसको लेकर पीड़िता पक्ष में नाराजगी बढ़ गई है।
शिकायत के अनुसार, महिला का विवाह अप्रैल 2026 में जांजगीर-चांपा जिले के पामगढ़ क्षेत्र निवासी युवक से हुआ था। आरोप है कि विवाह के कुछ ही दिनों बाद दहेज को लेकर ताने, अपमान और प्रताड़ना शुरू हो गई। महिला ने आरोप लगाया कि उसे परिजनों से बात करने से रोका गया, गाली-गलौज की गई, मारपीट की गई और जलाकर मारने तथा फांसी पर लटकाने जैसी धमकियां दी गईं। लगातार मानसिक दबाव के कारण उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। बाद में मायके पक्ष के लोग उसे ससुराल से वापस सक्ती लेकर आए।
पीड़िता ने अपने आवेदन में पति, सास और ससुर के खिलाफ दहेज प्रताड़ना, घरेलू हिंसा और अन्य संबंधित धाराओं में अपराध दर्ज करने की मांग की है। परिवार का कहना है कि 29 मई को शिकायत दिए जाने के बावजूद अब तक FIR दर्ज नहीं होना गंभीर सवाल खड़े करता है। उनका आरोप है कि महिला संबंधी गंभीर अपराध में भी यदि समय पर कार्रवाई नहीं होती, तो इससे पीड़ित महिलाओं का पुलिस व्यवस्था पर भरोसा कमजोर होता है।

पीड़िता पक्ष ने निष्पक्ष जांच के साथ तत्काल FIR दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, सक्ती थाना प्रभारी लखन पटेल ने कहा कि शिकायत प्राप्त हुई है। महिला की काउंसलिंग कराई गई है और संबंधित पक्षों के बयान लिए जा रहे हैं। मामले की जांच जारी है और जल्द ही इसमें नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।