
मोबाइल और पैसों के विवाद में युवक की बेरहमी से हत्या: कपड़े से गला घोंटकर और ईंट से वार कर उतारा मौत के घाट, 24 घंटे में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर भेजा जेल
सक्ती जिले में युवक की हत्या के मामले का पुलिस ने बेहद तत्परता से खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है। हत्या की यह वारदात पैसों के विवाद, मोबाइल के फेसलॉक खोलने और चोरी की शंका को लेकर हुई थी, जिसने देखते ही देखते गंभीर रूप ले लिया। मामला मालखरौदा थाना क्षेत्र का है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम बंदोरा निवासी प्रार्थी विनोद वर्मा (42 वर्ष) ने थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनका भतीजा राहुल कुर्मी गांव के देवरहा तालाब के पास “राहुल ऑटो” नाम से धुलाई मशीन सेंटर संचालित करता था। 28 मार्च 2026 की सुबह लगभग 7 बजे वह फ्लाई ऐश में काम के लिए मजदूर तलाशने गया था। इसी दौरान हरिहर यादव के घर के पास बैठा था, तभी उसे राहुल का दोस्त रवि साहू (निवासी नगर पंचायत अड़भार) मिला, जिसने सूचना दी कि राहुल की उसके घर के पास किसी अज्ञात व्यक्ति ने हत्या कर दी है।

सूचना पर प्रार्थी मौके पर पहुंचा, जहां देखा कि राहुल कुर्मी का शव घर के पास पड़ा हुआ था। उसके गले पर कसाव के निशान थे और सिर, माथे व चेहरे पर ईंट से किए गए गंभीर चोट के निशान थे। स्पष्ट था कि अज्ञात आरोपियों ने कपड़े से गला घोंटकर और ईंट के टुकड़े से वार कर उसकी निर्मम हत्या कर दी थी। रिपोर्ट पर थाना मालखरौदा में अपराध क्रमांक 119/2026 धारा 103(1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर (भा.पु.से.), अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज पटेल (रा.पु.से.) एवं अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) सक्ती डॉ. भुवनेश्वरी पैंकरा (रा.पु.से.) के निर्देशन में विशेष टीम गठित कर अज्ञात आरोपियों की पतासाजी शुरू की गई।

जांच के दौरान संदेह के आधार पर ग्राम बंदोरा निवासी आरोपी (01) इंद्र कुमार गबेल उर्फ इंदर गबेल पिता शिव प्रसाद गबेल, उम्र 35 वर्ष, एवं (02) नारायण यादव उर्फ निखिल पिता पालेश्वर यादव, उम्र 20 वर्ष, दोनों निवासी ग्राम बंदोरा वार्ड क्रमांक 16 चौकी अड़भार थाना मालखरौदा को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।
पूछताछ में आरोपियों ने अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि मृतक राहुल कुर्मी के साथ उनके बीच 1800 रुपये निकालने, मोबाइल का फेसलॉक खोलने तथा नारायण यादव के भाई के मोबाइल की चोरी की शंका को लेकर विवाद हुआ था। विवाद बढ़ने पर दोनों ने मिलकर पहले कपड़े से राहुल का गला घोंटा और फिर ईंट के टुकड़े से उसके माथे, सिर और चेहरे पर वार कर हत्या कर दी।

पुलिस ने आरोपियों के मेमोरेंडम कथन के आधार पर घटना में प्रयुक्त कपड़ा (गला घोंटने में उपयोग) एवं ईंट का टुकड़ा जप्त किया है। पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर दोनों आरोपियों को 29 मार्च 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
इस संपूर्ण कार्रवाई में थाना प्रभारी मालखरौदा निरीक्षक प्रवीण राजपूत, थाना प्रभारी सक्ती निरीक्षक लखन पटेल, साइबर सेल प्रभारी सी.पी. कंवर, चौकी प्रभारी अड़भार उपनिरीक्षक बिसोहन चंद्रा, चौकी प्रभारी छपोरा उपनिरीक्षक संतोष तिवारी, प्रधान आरक्षक कृष्ण कुमार तिवारी एवं आरक्षक सेतराम पटेल का सराहनीय योगदान रहा।