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Sakti

SNN24 की खबर का बड़ा असर: सक्ती के पापा ढाबा का लाइसेंस सस्पेंड, टॉयलेट में बर्तन धोने का वीडियो सही मिला; संतोषजनक जवाब नहीं देने पर होगा निरस्त

सक्ती जिले के हरेठी स्थित पापा ढाबा में पुरुष शौचालय के अंदर बर्तन धोने का वीडियो वायरल होने के बाद बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है। SNN24 न्यूज द्वारा प्रमुखता से खबर प्रकाशित किए जाने के बाद खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग हरकत में आया। विभागीय जांच में वायरल वीडियो सही पाए जाने पर ढाबे का खाद्य लाइसेंस निलंबित (सस्पेंड) कर दिया गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि ढाबा संचालक का कारण बताओ नोटिस का जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई भी की जाएगी।

यह है पूरा मामला

कुछ दिन पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ था, जिसमें पापा ढाबा का एक कर्मचारी पुरुष शौचालय के भीतर कटोरी, प्लेट और अन्य बर्तनों को साफ करता दिखाई दे रहा था। वीडियो सामने आने के बाद ढाबे की स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर सवाल उठे थे।

ग्राहक ने बनाया था वीडियो

जानकारी के अनुसार, सक्ती नगर के कई लोग नियमित रूप से पापा ढाबा में भोजन करने पहुंचते हैं। इसी दौरान एक ग्राहक की नजर शौचालय के भीतर बर्तन धो रहे कर्मचारी पर पड़ी। उसने पूरी घटना अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर ली, जिसके बाद वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।

SNN24 की खबर के बाद विभाग सक्रिय, जांच में सही मिला वीडियो

वीडियो वायरल होने और SNN24 द्वारा खबर प्रमुखता से प्रकाशित किए जाने के बाद खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने ढाबे की जांच की। जांच में वायरल वीडियो को सही पाया गया। इसके बाद विभाग ने ढाबे का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। साथ ही संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। विभाग ने कहा है कि यदि जवाब संतोषजनक नहीं मिला तो लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाएगी।

खाद्य सुरक्षा व्यवस्था पर भी उठे सवाल

इस घटना के बाद जिले में खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग की नियमित जांच और निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय-समय पर ढाबों और रेस्टोरेंटों का प्रभावी निरीक्षण होता, तो इस तरह की स्थिति सामने नहीं आती।

गौरतलब है कि पापा ढाबा में आम नागरिकों के अलावा विभिन्न शासकीय विभागों के अधिकारी और कर्मचारी भी भोजन करने पहुंचते हैं। ऐसे में इस घटना ने खाद्य सुरक्षा को लेकर लोगों की चिंता और बढ़ा दी है।

‘शहर के अन्य ढाबों की भी हो जांच’

स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल एक ढाबा ही नहीं, बल्कि शहर के कई अन्य ढाबों और रेस्टोरेंटों में भी स्वच्छता मानकों की अनदेखी की जा रही है। उनका आरोप है कि निरीक्षण के नाम पर अक्सर खानापूर्ति होती है, जिससे खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता से खिलवाड़ करने वालों के हौसले बढ़ते हैं। लोगों ने पूरे जिले में व्यापक जांच अभियान चलाने की मांग की है।

ढाबा संचालक ने कहा- बदनाम करने की साजिश

वायरल वीडियो पर पापा ढाबा संचालक मुन्ना ठाकुर ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि वीडियो ढाबे को बदनाम करने की नियत से बनाया गया है। उनके अनुसार जहां सामान्य रूप से बर्तन धोए जाते हैं, वहां निर्माण कार्य चल रहा था। इसी वजह से अस्थायी रूप से वैकल्पिक स्थान पर बर्तन धोए जा रहे थे। उसी दौरान किसी ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।

नगर पालिका अध्यक्ष के बयान पर भी छिड़ी बहस

मामले में नगर पालिका अध्यक्ष श्याम सुंदर अग्रवाल का बयान भी सामने आया। उन्होंने वायरल वीडियो को पापा ढाबा को बदनाम करने की कोशिश बताया। इसके बाद सोशल मीडिया पर इस बयान को लेकर बहस छिड़ गई। कुछ लोगों ने इसे ढाबा संचालक के पक्ष में दिया गया बयान बताते हुए सवाल उठाए, जबकि कुछ लोगों ने कहा कि अध्यक्ष के बयान से उनकी निष्पक्षता और विश्वसनीयता पर भी प्रश्नचिह्न लग रहे हैं।

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